त्वचा के लिए वरदान है चंदन, जानें इसके औषधीय गुण और प्रयोग

नई दिल्ली। दिव्य गुणों के भंडार चंदन के बारे में कौन नहीं जानता। अपनी सुगंध से पूरे वातावरण में खुशबू बिखेरने वाला चंदन औषधीय गुणों का भी भंडार है। चंदन को एंटीऑक्सीडेंट का बहुत अच्छा स्त्रोत माना जाता है। शरीर की कोशिकाओं को मुक्त कणों से दूर रखते हैं। मुक्त कणों की वजह से स्वास्थ्य पर काफी प्रभाव पड़ता है और इससे हृदय रोग, कैंसर और अन्य कई तरह की गंभीर बीमारियां हो सकती हैं। ऐसे में एंटीऑक्सीडेंट इनसे होने वाले नुकसान से बचाव और इन्हें कम करने में सहायक हो सकता है।

कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से कुछ हद तक बचाव करने में भी चंदन का इस्तेमाल कारगर साबित हो सकता है क्योंकि इसमें एंटीकैंसर और कीमोप्रिवेंटिव गुण के साथ-साथ नॉन टॉक्सिक गुण भी पाए जाते हैं। इसलिए यह कैंसर से बचाव में थोड़ी बहुत मदद कर सकता है।

लेकिन यह किसी भी तरीके से कैंसर का पूर्ण इलाज नहीं है। अगर कोई कैंसर से पीड़ित है तो उसकी प्राथमिकता डॉक्टर से उपचार होना चाहिए। हल्की-फुल्की चोट या घाव को भरने के लिए भी चंदन का इस्तेमाल किया जा सकता है क्योंकि इसमें एंटीसेप्टिक गुण होते हैं, जो चोट भरने के लिए लाभकारी हो सकता है।

Gyan Dairy

इसलिए हल्की-फुल्की चोट या घाव को जल्द ठीक करने के लिए चंदन और गुलाब जल का लेप लगाया जा सकता है। लेकिन इसका प्रभाव चोट या घाव की स्थिति पर भी निर्भर करता है। अगर जख्म ज्यादा पुराना या गहरा है तो डॉक्टरी सलाह जरूरी लें।

वैसे तो चंदन का इस्तेमाल पूर्ण तरीके से त्वचा के लिए लाभकारी है, लेकिन कील-मुंहासों से तुरंत राहत पाने के लिए इसका इस्तेमाल बेहद असरदार सिद्ध हो सकता है। कील-मुंहासों में सूजन की समस्या भी होती है और ऐसे में एंटीइन्फ्लेमेटरी गुण वाले चंदन का इस्तेमाल न सिर्फ ठंडक प्रदान कर सकता है बल्कि इससे सूजन भी कम हो सकती है।

Share