ऑफिस में मेल फ्रेंड होने के फायदे भी हैं और नुक्‍सान भी

दोस्ती हमारी जिंदगी का एक अहम हिस्सा है। जीवन के हर क्षेत्र में हम दोस्त बनाते हैं। बचपन से लेकर स्कूल और कॉलेज से लेकर नौकरी करने तक हमें कई दोस्तों का साथ मिलता है। जब भी दोस्तों की बात होती है तो जेंडर मायने नहीं रखता है। आपके दोस्त मेल और फीमेल दोनों हो सकते हैं और दोनों का अपना महत्व होता है।

ऐसा क्यों होता है कि कुछ को हम दोस्त कहते हैं और कुछ के बारे में कहते हैं कि सिर्फ जान-पहचान है। दरअसल दोस्त वे होते हैं, जिनसे हमारा बेहद घनिष्ठ संबंध होता है और जो हमारे बेहद करीब होते हैं। कुल मिलाकर आप दोस्तों से अपने विचार और समस्याओं को साझा कर सकते हैं। जब बात ऑफिस में काम की हो तो मेल और फीमेल फ्रेंड का महत्व बहुत ज्यादा हो जाता है।

Gyan Dairy

ऑफिस में प्रोफेशनल और पर्सनल दृष्टिकोण का अलग-अलग होना जरूरी है। कई बार पुरुष साथी बहुत ज्यादा मदद कर देते हैं। ऑफिस में कई बार काम को लेकर समस्या आ जाती है। ऐसे में दोस्त ही हमारी मदद करते हैं। मेल और फीमले फ्रेंडशिप के साथ साकारात्मक और नाकारात्मक दोनों बातें जुड़ी होती हैं। अगर ऑफिस में आपके मेल फ्रेंड हैं, तो जानिए इसमें क्या बुराई और क्या अच्छाई।

फायदे

  • काम के दौरान परेशानी आना आम बात है। आपका मेल फ्रेंड निश्चत रूप से आपको पेरशानी से निजात दिला देगा। होता यह है कि प्रोफेशनल लेवल पर पुरुष के काम करने का तरीका बेहद विश्ष्टि होता है। साथ ही पुरुषों के पास अच्छे आइडियाज की भी कमी नहीं होती। ऐसे में आपको उनसे ज्यादा से ज्यादा मदद मिलेगी।
  • एक अच्छा जॉब वो होता है, जिसमें आपको संतुष्टि मिले। जब भी आप जॉब करने के बारे में सोचते हैं, तो सबसे पहले आप यह तय करते हैं कि इससे आपको संतुष्टि मिलेगी या नहीं। शोध से पता चला कि अगर आपके पास मेल फ्रेंड हो तो जॉब से आपकी संतुष्टि बढ़ जाती है।
  • ऑफिस में पुरुष सहकर्मी आपका सबसे अच्छा दोस्त हो सकता है। आप भले ही उनसे कोई पर्सनल चीज डिस्कस न करें, फिर भी वह आपकी हर संभव मदद करेगा। पुरुष इसलिए मदद करते हैं, ताकि आप उनकी तारीफ करें। हालांकि ऑफिस से बाहर आप अजनबी ही रहते हैं।
  • बिजनेस में बहुत ज्यादा काम्पटिशन देखने को मिलता है। साथ ही इस क्षेत्र में पुरुषों का वर्चस्व ज्यादा है। अगर महिलाएं इस क्षेत्र में ऊंचाई पर पहुंचना चाहें, तो उनके लिए मेल फ्रेंड की मदद काफी फायदेमंद होती है।

नुकसान

  • हर सिक्के के दो पहलू होते हैं। इसी तरह अगर ऑपजिट सेक्स से फ्रेंडशिप में जहां फायदा है, वहीं नुकसान भी है। मेल-फीमेल फ्रेंडशिप को लेकर काफी बातें होती हैं और यह जानने के लिए कई शोध भी किए गए हैं कि क्या मेल-फीमेल सिर्फ दोस्त हो सकते हैं। अगर ऑफिस में मेल फ्रेंड होने के कुछ फायदे हैं तो बेशक कुछ नुकसान भी हैं।
  • कई बार मेल-फीमेल फ्रेंडशिप फिजिकल अट्रैक्शन का रूप ले लेती है। अगर ऐसा होता है तो फिर आप बहुत ज्यादा समय तक दोस्ती के दायरे में नहीं रह सकते।
  • कभी न कभी आप आप मेल फ्रेंड के प्रति लगाव महसूस करने लगेंगे। इसे रोका नहीं जा सकता, क्योंकि यह प्राकृतिक रूप से होता है। ऐसी स्थिति में आपको दोस्ती का ख्याल आएगा और आप खुद को संयमित रखने लगेंगे। जाहिर है इससे अच्छे रिलेशनशिप पर फर्क पड़ेगा।
  • अगर आप दोनों ही सिंगल हों तो फिर आपकी दोस्ती काम कर सकती है। क्योंकि इस स्थिति आप दोनों स्वतंत्र रहेंगे। वहीं जब आप कमिटेड होते हैं, तो चीजें बिल्कुल अलग होती है।
  • अगर आपका मेल फ्रेंड आपका कोई काम कर रहा है, तो इससे पति के साथ आपके रिश्ते में भी खटास पैदा हो सकती है। हो सकता है आपके पति में जलन या असुरक्षा की भावना आ जाए। ऐसे में आपको अपने प्रोफेशनल और पर्सनल रिश्तों का अच्छे से ख्याल रखना पड़ेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Share