बिहारः दुर्दांत साइको किलर गिरफ्तार, 20 से अधिक लोगों को उतारा था मौत के घाट

पटना। बिहार पुलिस ने दो दर्जन के करीब बेगुनाहों की हत्या करने के आरोपी दुर्दांत साइको किलर को दबोच लिया है। बताया जा रहा है कि पुलिस टीम मुखबिर की सूचना पर गांजा तस्करों को पकड़ने गई थी। उन्हीं में से एक आरोपी कुख्यात साइको किलर अविनाश श्रीवास्तव निकला। बिहार में अविनाश श्रीवास्तव का आतंक फैला हुआ था। पुलिस का दावा है कि उसने अपने पिता के हत्यारे को 32 गोलियां मारी थीं। इसके बाद वह तीन घंटे तक लाश के पास ही बैठा रहा। उसके खौफ के चलते कोई भी उसके करीब तक नहीं गया था।

वैशाली पुलिस की स्पेशल टीम और महनार पुलिस को सूचना मिली कि कोई बड़ा अपराधी भारी मात्रा में गांजा लेकर आने वाला है। छापेमारी करके पुलिस ने अविनाश श्रीवास्तव और उसके साथी अल्तमस निवासी फुलवारीशरीफ को दबोच लिया। अविनाश श्रीवास्तव राजद के पूर्व एमएलसी ललन श्रीवास्तव का बेटा है। दोनों के कब्जे से करीब 20 किलो गांजा बरामद किया गया है।

बताया जा रहा है कि अविनाश को पहचानने के बाद पुलिस टीम के होश उड़ गए। अपराध जगत में अविनाश श्रीवास्तव साइको किलर और सीरियल किलर के नाम से कुख्यात है।पुलिस के मुताबिक अविनाश पटना के कंकड़बाग थाना क्षेत्र स्थित एमआईजी कॉलोनी का रहने वाला है। इससे पहले वह 26 सितंबर 2020 को रक्सौल में गिरफ्तार हुआ था। हालांकि जमानत पर छूटने के बाद वह फिर से अपराध करने लगा।

बिहार पुलिस का दावा है कि साइको किलर अविनाश श्रीवास्तव ने दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया से एमसीए तक की पढ़ाई की गई है। इसके तुरंत बाद अविनाश श्रीवास्तव को इंफोसिस में 40 हजार रुपये प्रति माह की नौकरी मिल गई। हालांकि इसी बीच साल 2002 में हाजीपुर में उसके पिता और तत्कालीन एमएलएसी ललन श्रीवास्तव की गोली मारकर हत्या कर दी गई। पिता की हत्या का बदला लेने के लिए अविनाश श्रीवास्तव ने हथियार उठा लिए। इसके बाद अविनाश श्रीवास्तव ने साल 2003 में अपने पिता के हत्यारे मोइन खां उर्फ पप्पू खां को हाजीपुर में सरेआम 32 गोलियां मारीं।

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इसके बाद अविनाश ने पटना के डिप्टी मेयर अमरावती देवी के पति दीना गोप को एके 47 से गोलियां बरसाकर मौत के घाट उतार दिया था। इसके साथ ही अविनाश ने कैप्टन सुनील के भाई, विजय गोप, अजय गोप, लालू गोप, अजीत गोप, मोइन उर्फ पप्पू, अधिवक्ता सरदार जी, इम्तियाज, चनारिक गोप, सर्राफा व्यवसायी मनोज सोनार और राहुल यादव समेत 20 लोगों से अधिक लोगों की हत्या की थी।

ताबड़तोड़ हत्याओं के बाद पुलिस ने अविनाश की तलाश तेज की तो मां उसे लेकर सिलीगुड़ी चली गई। इसके बाद साल 2016 में उसे हाजीपुर के महुआ थाना क्षेत्र के हरपुर बेलवा स्थित सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया में चोरी करते पकड़ा गया। पुलिस ने उससे पूछताछ की तो उसने कहा कि मुझसे मत पूछिए बस गूगल में साइको किलर अमित सर्च कीजिए। अविनाश श्रीवास्तव का दावा है कि फिल्म गैंग ऑफ वासेपुर में उसके ब्रस्ट फायर वाले क्लाइमेक्स को चोरी किया गया है।

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