राजस्थान सियासतः वसुंधरा राजे को छोड़कर BJP के सभी बड़े नेता दिल्ली बुलाये गए, समझे मायने

नई दिल्ली। राजस्थान की सियासत में हर दो चार महीने कुछ न कुछ ऐसा हो ही जाता है जो देश स्तर पर सुर्खियां बटोर लेता है। अब एक बार फिर से वीरभूमि में सियासी हलचल तेज हो गई है। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने आज राजस्थान के पार्टी नेताओं को दिल्ली बुलाया है। खास बात ये है कि इस बैठक से पूर्व मुख्यमंत्री और दिग्गज नेता वसुंधरा राजे को दूर रखा गया है।

बैठक में शामिल होने के लिए राजस्थान बीजेपी के अध्यक्ष सतीश पूनिया, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष गुलाबचंद कटारिया और विधानसभा में उपनेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौर दिल्ली पहुंच गए हैं। इस बैठक से वसुंधरा राजे को दूर रखने का निर्णय काफी चैंकाने वाला है। इससे पहले जब राजस्थान में कांग्रेस का सियासी संकट शुरू हुआ था तब भी यह नेता दिल्ली दरबार में हाजिरी लगाने पहुंचे थे। राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के द्वारा अचानक से इन नेताओं को दिल्ली बुलाने के सियासी मायने निकाले जा रहे हैं। बता दें कि कुछ दिन पहले ही राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भाजपा पर राजस्थान सरकार गिराने की साजिश का आरोप लगाया था।

Gyan Dairy

माना जा रहा है कि पार्टी प्रमुख जेपी नड्डा के साथ बैठक के बाद राजस्थान की गहलोत सरकार को गिरा बीजेपी प्रदेश की राजनीति में कोई बड़ा बदलाव कर सकती है। हालांकि इस मुलाक़ात पर प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया ने दावा किया है कि यह एक सामान्य बैठक है। बता दें कि राजस्थान में विधानसभा की तीन सीटों पर उप चुनाव के साथ ही निकायों के चुनाव होने हैं। इसके साथ ही पिछले दिनों ही वसुंधरा राजे के धुर विरोधी माने जाने वाले वरिष्ठ नेता घनश्याम तिवाड़ी की बीजेपी में वापसी हुई थी। वसुंधरा राजे के विरोध की वजह से घनश्याम तिवाड़ी की वापसी नहीं हो पा रही थी

Share