27 फरवरी को है माघ पूर्णिमा, जाने इस पर्व का महत्व और स्नान के बाद होने वाले लाभ

सनातन धर्म में वैसे तो हर मास की पूर्णिमा का महत्व होता है। लेकिन माघ पूर्णिमा का अपना एक अलग ही विशेष महत्व है। मास के शुक्ल पक्ष की आखिरी तिथि को माघ पूर्णिमा कहा जाता है। इस साल माघ पूर्णिमा 27 फरवरी को है। माघ पूर्णिमा के दिन स्नान, जप और तप का महत्व होता है। कहा जाता है कि माघ पूर्णिमा के दिन पवित्र नदी में स्नान करना शुभ होता है। कहते हैं कि ऐसा करने से मोक्ष की प्राप्ति होती है। मान्यता है कि माघ पूर्णिमा के दिन पूजा-पाठ व दान करने से जीवन में सुख, शांति और खुशहाली आती है। माघ पूर्णिमा के दिन स्नान के बाद कुछ कामों को करने से शुभता आती है।

जानिए माघ स्नान के पूर्ण होने पर क्या करना चाहिए-

1. माघ पूर्णिमा के दिन पूरे एक माह के माघ स्नान के समापन का दिन होता है। इस दिन पवित्र नदी में स्नान करने से सुख, शांति और खुशहाली आती है। माघ माह में प्रतिदिन पवित्र नदियों में स्नान किया जाता है। अगर घर में स्नान किया है तो पानी में गंगा आदि पवित्र नदियों का डालकर स्नान करें।
2. इस दिन किसी पंडित या पुरोहित से माघ स्नान की पूजा और हवन आदि संपन्न करवाएं।
3. इस दिन गरीबों, जरूरतमंद को भोजन कराने से पुण्य की प्राप्ति होती है।
4. गायों को हरा चारा खिलाना और पक्षियों को दाना-पानी खिलाना शुभ होता है।
5. माघ पूर्णिमा के दिन भगवान शिव का पंचामृत अभिषेक करने से सौभाग्य की प्राप्ति होती है।
6. पूर्णिमा के दिन मां लक्ष्मी को मिश्री, खीर आदि का भोग लगाने से धन-धान्य की प्राप्ति होती है।
7. चंद्रमा से जुड़े दोष खत्म करने के लिए माघ पूर्णिमा का व्रत रखना चाहिए और रात में चंद्रमा को अर्घ्य देना चाहिए।

माघ पूर्णिमा के दिन दान से मिलता है पुण्य-

Gyan Dairy

माघ पूर्णिमा में दान का विशेष फल की प्राप्ति होती है। इसलिए इस दिन अपनी सामर्थ्य के हिसाब से दान जरूर करना चाहिए। कहते हैं कि माघ पूर्णिमा में अन्न, वस्त्र या धन के दान से घर में सुख-शांति बनी रहती है।

माघ पूर्णिमा 2021 तिथि और शुभ मुहू्र्त-

पूर्णिमा तिथि शुरू- 15:50- 26 फरवरी 2021
पूर्णिमा तिथि खत्म- 13:45- 27 फरवरी 2021

Share