
उत्तर प्रदेश में चुनाव से पहले समाजवादी पार्टी और बीजेपी के बीच सियासी टकराव तेज हो गया है। इस बार विवाद की वजह नवरात्रि के दौरान सपा सांसदों के नॉनवेज खाने का एक वीडियो है, जिसे बीजेपी उत्तर प्रदेश ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर साझा किया है। बीजेपी ने इसे ‘चिकन पार्टी’ बताते हुए समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा और उसके धार्मिक रुख पर सवाल उठाए। पार्टी ने आरोप लगाया कि सपा एक तरफ हिंदुत्व के करीब दिखने की कोशिश करती है, जबकि दूसरी तरफ उसके नेताओं का व्यवहार अलग नजर आता है। बीजेपी की इस पोस्ट के बाद नवरात्रि, खानपान और धार्मिक आस्था को लेकर सियासी बहस तेज हो गई है। हालांकि, वीडियो को लेकर बीजेपी ने जो आरोप लगाए हैं, वे उसके राजनीतिक दावों का हिस्सा हैं।
बीजेपी ने वीडियो शेयर कर सपा पर साधा निशाना
बीजेपी यूपी के आधिकारिक X हैंडल से साझा किए गए वीडियो के साथ पार्टी ने सपा पर दोहरे रवैये का आरोप लगाया। पोस्ट में कहा गया कि जब सनातनी नवरात्रि के दौरान व्रत रख रहे हैं, तब सपा के पीडीए सम्मेलन में मुर्गे की दावत हो रही है। बीजेपी ने अपनी पोस्ट में लिखा, “नकली समाजवाद का दोहरा चरित्र बेनकाब।” पार्टी ने सपा पर चुनाव के समय हिंदू समर्थक दिखने का नाटक करने और सनातन का अपमान करने का आरोप भी लगाया। पोस्ट में परिवारवाद और दंगे जैसे मुद्दों का जिक्र करते हुए सपा की राजनीति पर हमला किया गया।
अखिलेश यादव के माता की चौकी में शामिल होने पर भी सियासत
यह विवाद ऐसे समय सामने आया है, जब सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव लखनऊ में आयोजित माता की चौकी में शामिल हुए थे। उन्होंने पूजा-अर्चना की और आरती में हिस्सा लिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और सपा समर्थक मौजूद थे।
अखिलेश यादव ने धार्मिक विविधता को भारत की खूबसूरती बताते हुए कहा था कि अलग-अलग धर्मों और समुदायों के लोग एक-दूसरे के त्योहारों में शामिल होते हैं। उन्होंने नवरात्रि और अन्य त्योहारों को आपसी भाईचारे और सांस्कृतिक एकता का प्रतीक बताया। बीजेपी की ताजा पोस्ट को इसी राजनीतिक माहौल में सपा पर निशाना साधने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।
चुनाव से पहले धर्म और खानपान पर बढ़ी बयानबाजी
उत्तर प्रदेश में चुनावी सियासत के बीच धर्म और खानपान को लेकर दोनों दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप बढ़ रहे हैं। बीजेपी सपा पर ‘चुनावी हिंदू’ होने का आरोप लगा रही है, जबकि अखिलेश यादव धार्मिक परंपराओं के साथ महंगाई जैसे मुद्दे भी उठा रहे हैं। साथ ही भाजपा का कहना है कि यही है सपा का असली PDA – Pरिवारवाद, Dगा और Aपमान



